Rekha Arya गिरधारी लाल साहू विवाद: पति ने ऑडियो को बताया AI से तैयार, 210 करोड़ की संपत्ति के दावे की जांच मांगी

खबररफ़्तार , देहरादून : उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य और उनके पति गिरधारी लाल साहू के बीच विवाद गहराता जा रहा है। रेखा आर्य की ओर से लगाए गए गंभीर आरोपों और ऑडियो रिकॉर्डिंग का मामला सामने आने के बाद अब गिरधारी लाल साहू ने अपना पक्ष रखा है। उन्होंने संबंधित ऑडियो को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से तैयार किए जाने का दावा किया और अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को निराधार बताया।

गिरधारी लाल साहू ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने रेखा आर्य पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए उनकी कथित संपत्ति की जांच कराने की अपील भी की है। हालांकि, ऑडियो की प्रामाणिकता, संपत्ति से जुड़े दावों और लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।

ऑडियो रिकॉर्डिंग को AI से तैयार करने का दावा

गिरधारी लाल साहू ने अपने बयान में कहा कि रेखा आर्य की ओर से जिस ऑडियो रिकॉर्डिंग का हवाला दिया गया है, वह कथित तौर पर AI की मदद से तैयार की गई है। उनका दावा है कि इस ऑडियो के माध्यम से उन्हें बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।

उन्होंने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उन्हें भी इस मामले में अपना पक्ष रखने का अवसर मिलना चाहिए। साहू ने रेखा आर्य से अपने आरोपों पर पुनर्विचार करने और उन्हें वापस लेने की अपील की है।

इस मामले में ऑडियो की वास्तविकता और उसमें मौजूद आवाज की प्रामाणिकता को लेकर स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल गिरधारी लाल साहू ने ऑडियो को लेकर अपना पक्ष सार्वजनिक किया है।

रेखा आर्य के साथ पुराने संबंधों का किया जिक्र

गिरधारी लाल साहू ने अपने बयान में रेखा आर्य के राजनीतिक सफर और उनके साथ पुराने संबंधों का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि रेखा आर्य को राजनीतिक रूप से आगे बढ़ाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

साहू के अनुसार, उन्होंने चुनाव के दौरान रेखा आर्य के समर्थन में लोगों से संपर्क किया और उनके राजनीतिक जीवन में लंबे समय तक सहयोग दिया। उन्होंने कहा कि जिनके साथ उन्होंने वर्षों तक काम किया, अब उन्हीं की ओर से उन पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं।

उन्होंने रेखा आर्य के शुरुआती जीवन और राजनीतिक सफर को लेकर भी अपनी बात रखी। हालांकि, उनके इन दावों और दोनों के बीच पुराने संबंधों से जुड़े बयानों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है।

मुख्यमंत्री धामी से निष्पक्ष जांच की मांग

गिरधारी लाल साहू ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से पूरे विवाद की निष्पक्ष जांच कराने का आग्रह किया है। उन्होंने दावा किया कि रेखा आर्य से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामलों को लेकर वह पहले भी मुख्यमंत्री से शिकायत कर चुके हैं।

साहू का कहना है कि संबंधित मामलों की जांच किसी सक्षम जांच एजेंसी से कराई जानी चाहिए, ताकि आरोपों की वास्तविकता सामने आ सके। उन्होंने मुख्यमंत्री से इस मामले में हस्तक्षेप करने और जांच के जरिए स्थिति स्पष्ट कराने की मांग की है।

उनके बयान के मुताबिक, जांच में किसी भी प्रकार का पक्षपात नहीं होना चाहिए और सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जानी चाहिए। दूसरी ओर, इन आरोपों की पुष्टि के लिए संबंधित दस्तावेजों और साक्ष्यों की जांच जरूरी होगी।

रेखा आर्य की कथित 210 करोड़ रुपये की संपत्ति का दावा

गिरधारी लाल साहू ने रेखा आर्य की संपत्ति को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि रेखा आर्य के पास करीब 210 करोड़ रुपये की कथित अवैध संपत्ति है और इसकी जांच कराई जानी चाहिए।

साहू ने महिला एवं बाल विकास विभाग से जुड़े कामकाज का उल्लेख करते हुए पोषण आहार और राशन वितरण से संबंधित मामलों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इन विषयों की जांच होनी चाहिए, ताकि कथित अनियमितताओं का पता लगाया जा सके।

हालांकि, 210 करोड़ रुपये की कथित अवैध संपत्ति से संबंधित दावे की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं होती है। इसे गिरधारी लाल साहू का आरोप और दावा ही माना जाना चाहिए। किसी संपत्ति का अवैध होना जांच और संबंधित साक्ष्यों के आधार पर ही निर्धारित किया जा सकता है।

रेखा आर्य की शिकायत के बाद बढ़ा विवाद

गौरतलब है कि उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य ने 15 अक्टूबर 2026 को अपने पति गिरधारी लाल साहू के खिलाफ देहरादून के कैंट थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।

रेखा आर्य ने अपने पति पर मारपीट, उत्पीड़न, जालसाजी और जान से मारने की साजिश रचने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने अपनी शिकायत में एक ऑडियो रिकॉर्डिंग का भी हवाला दिया था। इस शिकायत के बाद मामला चर्चा में आ गया।

अब गिरधारी लाल साहू ने वीडियो जारी कर अपना पक्ष रखते हुए आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने ऑडियो की प्रामाणिकता पर सवाल उठाने के साथ ही मुख्यमंत्री से पूरे प्रकरण की जांच कराने की मांग की है।

जांच के बाद स्पष्ट होगी मामले की स्थिति

रेखा आर्य और गिरधारी लाल साहू के बीच विवाद अब आरोप-प्रत्यारोप तक पहुंच गया है। एक ओर रेखा आर्य ने अपने पति के खिलाफ गंभीर शिकायत दर्ज कराई है, वहीं दूसरी ओर गिरधारी लाल साहू ने आरोपों को खारिज करते हुए ऑडियो और कथित संपत्ति को लेकर सवाल उठाए हैं।

फिलहाल इस मामले में दोनों पक्षों के बयानों और आरोपों को अलग-अलग समझना जरूरी है। ऑडियो की प्रामाणिकता, कथित संपत्ति से जुड़े दावे और शिकायत में लगाए गए आरोपों की वास्तविक स्थिति जांच तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेगी।

You May Also Like

More From Author