शादी के 19 दिन पहले युवती ने लगाई फांसी, 13 दिन पहले मौत; मातम में बदली खुशि‍यां

खबरे शेयर करे -

ख़बर रफ़्तार, मीरजापुर : देहात कोतवाली के विशेषरपुर गांव की रहने वाली पूनम ने अपनी शादी से 19 दिन पहले ही 23 अप्रैल को अपने मकान के एक कमरे के बढ़ेर से फांसी लगा ली। इसी बीच कमरे में पहुंची उसकी छोटी बहन ने देख लिया और शोर मचाने लगी। स्वजन पूनम को फांसी के फंदे से नीचे उतारकर मंडलीय चिकित्सालय ले गए, जहां डॉक्‍टरों ने हालत गंभीर देख उसे वाराणसी के बीएचयू ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया।

घरवाले वहां ले गए तो बताया गया कि इसके इलाज में एक लाख रुपए खर्च होंगे। पास में रुपए नहीं होने पर स्वजन पूनम को वापस लेकर चले आए और कटरा कोतवाली के सुरेखापुरम स्थित एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कर दिया, जहां तीन दिन तक इलाज चला। हालत में सुधार नहीं होने पर उसे फिर बीएचयू के ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया गया, लेकिन स्वजन उसे ट्रामा सेंटर नहीं ले गए और घर लेकर चले गए। मंगलवार की सुबह युवती ने दम तोड़ दिया।

युवती के पर‍िजनों ने बताया क‍ि पूनम की अहमलपुर गांव के एक युवक से 12 मई को शादी होनी थी। परिवार के लोग उसकी शादी की तैयारी में जुटे हुए थे। इसी बीच 23 अप्रैल की दोपहर तीन बजे अचानक पूनम एक कमरे में गई और दुपट्टे से फांसी का फांदा लगाकर झूल गई। इसी बीच उसकी छोटी बहन पहुंच गई। बड़ी बहन को फांसी लगाते देख शोर मचाने लगी।

शोरगुल पर पिता और चाचा सह‍ित अन्‍य लोग पहुंचे और उसे फंदे से नीचे उतारकर गंभीर अवस्था में मंडलीय चिकित्सालय ले गए, जहां से बीएचयू के ट्रामा सेंटर में रेफर करने के बाद वहां नहीं ले जाने पर उसकी इलाज के अभाव में मौत हो गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेज दिया। मृतका दो भाई व एक बहन में सबसे बड़ी थी। पिता मजदूरी का कार्य करते थे।

युवती ने फांसी क्यों लगाई किसी को पता नहीं

स्वजन के अनुसार पूनम ने फांसी लगाकर जान क्यों दी इसके बारे में किसी को कुछ पता नहीं है। ना ही उसने किसी से अपने जान देने के बारे में कोई चर्चा की। हमेशा घर में खुशी से रही थी। शादी से भी खुशी थी। इसी बीच ऐसा क्या हो गया कि उसने फांसी लगाकर जान दे दी।

ये भी पढ़ें…मेनका गांधी ने नामांकन से पहले सुलतानपुर में क‍िया रोड शो

You May Also Like

More From Author

+ There are no comments

Add yours